उदयपुर। “लीडरशिप एवं एक्सीलेन्स हेतु सेल्फ अवेरनेस और उद्देश्य की स्पष्ट जानकारी होना जरुरी है। वास्तविक परिवर्तन “अंदर से बाहर“ आता है और कोचिंग का उद्देश्य लोगों में उनकी खुद की क्षमता जगाना है। संगठनात्मक बदलाव में कार्य संस्कृति, संवाद और कर्मचारियों की भागीदारी को प्राथमिकता देना आवश्यक है। इमोशनल इंटैलिजेन्स प्रभावी नेतृत्व की नींव है।“
उपरोक्त विचार उदयकुमार गोपालकृष्णन ने यूसीसीआई में व्यक्त किये।
उदयपुर चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री का 61वां स्थापना दिवस समारोह एवं यूसीसीआई एक्सीलेंस अवार्ड्स सेरेमनी 2026 का भव्य आयोजन यूसीसीआई भवन के पी.पी. सिंघल ऑडिटोरियम में किया गया। कार्यक्रम में उद्योग, व्यापार एवं सेवा क्षेत्र से जुड़े प्रतिष्ठित उद्यमियों एवं सदस्यों सहित 200 से अधिक प्रतिभागियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का शुभारम्भ यूसीसीआई के अध्यक्ष श्री मनीष गलूंडिया के स्वागत उद्बोधन से हुआ। अपने संबोधन में उन्होंने यूसीसीआई की भूमिका, उद्देश्यों तथा उद्योग एवं व्यापार के समग्र विकास हेतु किए जा रहे प्रयासों पर प्रकाश डाला।
पूर्वाध्यक्ष विनोद कुमट ने मुख्य अतिथि का संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कोर माइंड के संस्थापक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री उदयकुमार गोपालकृष्णन ने प्रतिभागियों को प्रेरणादायक संबोधन दिया। गोपालकृष्णन ने कहा कि एक्सीलेन्स एवं सफल लीडरशिप का मूल मंत्र सकारात्मक सोच, निरंतर सीखने की प्रवृत्ति और परिवर्तन को आत्मसात करने की क्षमता में निहित है। उन्होंने कहा कि आज के परिवेश में नवाचार, नेतृत्व क्षमता और मानसिक दृढ़ता ही किसी भी संगठन एवं व्यक्ति को दीर्घकालिक सफलता प्राप्त हो सकती है।
उदयकुमार गोपालकृष्णन के प्रमुख विचार एवं दृष्टिकोण
नेतृत्व और आत्म-जागरूकता (लीडरशिप एण्ड सैल्फ-अवेरनेस): उनका मानना है कि नेतृत्व केवल बाहरी कौशल या तकनीकी दक्षता का नाम नहीं है, बल्कि यह गहरी आत्म-जागरूकता और आत्म-प्रबंधन की प्रक्रिया है। एक प्रभावी नेता पहले अपने विचारों, भावनाओं और सीमाओं को समझता है, तभी वह दूसरों को प्रेरित कर सकता है। वे कहते हैं कि नेतृत्व की असली शक्ति भीतर से आती है, जब व्यक्ति अपने मूल्यों और उद्देश्य से जुड़ा होता है।
कोर माइण्ड के सिद्धांत: कोर माइंड की स्थापना इस विचार पर आधारित है कि हर व्यक्ति के भीतर एक “मूल मानसिक संसाधन“ होता है-धैर्य, उद्देश्य, भावनात्मक संतुलन और आत्म-विश्वास। इन्हें सक्रिय करना ही असली परिवर्तन की शुरुआत है। उनका दृष्टिकोण है कि बाहरी रणनीतियाँ तभी सफल होती हैं जब व्यक्ति का आंतरिक मन तैयार हो। इसीलिए वे “अंदर से बाहर“ परिवर्तन का सुझाव देते हैं।
कोचिंग और विकास: गोपालकृष्णन कोचिंग को समस्या-समाधान का उपकरण नहीं मानते, बल्कि इसे क्षमता-प्रकाशन की प्रक्रिया कहते हैं। उनका दृष्टिकोण है कि कोचिंग का उद्देश्य उत्तर देना नहीं, बल्कि सही प्रश्न पूछना है ताकि व्यक्ति स्वयं अपने समाधान खोज सके। वे प्रतिबिंब और आत्म-विश्लेषण को कोचिंग का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा मानते हैं।
संगठनात्मक विकास और परिवर्तन प्रबंधन: उनके विचार में संगठनात्मक परिवर्तन केवल तकनीकी या प्रक्रियात्मक बदलाव नहीं है, बल्कि यह मनोवैज्ञानिक और सांस्कृतिक स्तर पर भी होता है। कर्मचारियों की सक्रिय भागीदारी, संवाद और विश्वास निर्माण को वे अनिवार्य मानते हैं। उनका कहना है कि यदि लोग परिवर्तन को समझें और उसमें अर्थ देखें, तभी वह स्थायी हो सकता है।
भावनात्मक बुद्धिमत्ता (इमोशनल इंटैलिजैन्स): गोपालकृष्णन इमोशनल इंटैलिजैन्स को नेतृत्व की नींव मानते हैं। उनके अनुसार, आत्म-नियंत्रण, सहानुभूति और संबंध निर्माण वे गुण हैं जो किसी भी नेता को प्रभावी बनाते हैं। वे इस बात पर जोर देते हैं कि तकनीकी कौशल से अधिक इमोशनल इंटैलिजैन्स ही टीम के सदस्योें को जोड़ती और प्रेरित करती है।
सीखना और अनुकूलनशीलता (लर्निंग एण्ड एडेप्टैब्लिटी): उनका दृष्टिकोण है कि सीखना एक सतत प्रक्रिया है। वे प्रयोग-आधारित, छोटे-चक्र सुधारों को प्राथमिकता देते हैं ताकि असफलताओं से तुरंत सीखकर आगे बढ़ा जा सके। उनके अनुसार, असफलता कोई बाधा नहीं बल्कि सीखने का अवसर है।
कैरियर और जीवन संतुलन : गोपालकृष्णन मानते हैं कि व्यावसायिक सफलता तभी सार्थक है जब वह व्यक्तिगत अर्थ और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी हो। वे आत्म-देखभाल, विश्राम और पुनरावृत्ति को सतत प्रदर्शन के लिए आवश्यक मानते हैं। उनके अनुसार, संतुलित जीवन ही दीर्घकालिक सफलता की कुंजी है।
गोपालकृष्णन ने उद्यमियों को प्रेरित करते हुए कहा कि असफलताएँ सफलता की सीढ़ी होती हैं, आवश्यकता केवल धैर्य, आत्मविश्वास और स्पष्ट दृष्टि की होती है। उन्होंने युवाओं एवं एमएसएमई क्षेत्र से जुड़े उद्यमियों को तकनीक, कौशल विकास और वैश्विक सोच के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।
उन्होंने यूसीसीआई की सराहना करते हुए कहा कि उदयपुर चैम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री उद्योग, व्यापार और समाज के बीच एक सशक्त सेतु के रूप में कार्य कर रही है, जो न केवल स्थानीय उद्योगों को मार्गदर्शन प्रदान कर रही है बल्कि उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनने हेतु प्रेरित कर रही है।
मुख्य अतिथि के साथ खुली परिचर्चा के दौरान कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिभागियों ने उद्यमिता एवं प्रबन्धन से सम्बन्धित कई सवाल पूछे जिनका श्री गोपालकृष्णन ने उत्तर दिया। श्री गोपालकृष्णन के प्रेरक विचारों से स्वयं को अत्यंत उत्साहित एवं प्रेरित महसूस किया। उनका संबोधन कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा और उपस्थित प्रतिभागियों ने तालियों के साथ उनके विचारों का स्वागत किया।
यूसीसीआई की अवार्ड सब कमेटी के चेयरमेन श्री मनीष गोधा ने यूसीसीआई एक्सीलेन्स अवार्ड 2026 का संक्षिप्त विवरण दिया। श्री मनीष गोधा ने बताया कि स्वतन्त्र आॅडिटर द्वारा एक्सीलेन्स अवार्ड हेतु प्राप्त आवेदन पत्रों की आॅडिट के उपरान्त प्राप्त समस्त प्रविष्टियों में से शाॅर्ट लिस्ट अवार्डियों सूची तैयार की गई। यूसीसीआई सदस्यों की अलग-अलग टीमों द्वारा शाॅर्ट लिस्ट अवार्डियों के कार्यस्थल का दौरा करके आवेदन फार्म में दी गई जानकारी एवं वस्तुस्थिति पर रिपार्ट तैयार की गई। इसके पश्चात 6 सदस्यीय जूरी पेनल के सदस्य राजस्थान सरकार के पूर्व अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री शैलेन्द्र अग्रवाल, आईआईएम के निदेशक प्रो. अशोक बनर्जी, बीजीजेसी कन्सल्टिंग के फाउण्डर श्री सलिल भण्डारी, सेवा मन्दिर के सीईओ श्री रौनक शाह, वाॅलकेम इण्डिया लिमिटेड के मुख्य सलाहकार एवं निदेशक श्री एस.के. महाजन एवं एस.बी.आई. के पूर्व प्रबन्ध निदेशक श्री अरिजित बासु द्वारा उपरोक्त अवार्डो हेतु मैट्रिक्स आधारित प्रणाली से आंकलन कर उनमें से श्रेष्ठ उपक्रम का अवार्ड हेतु चयन किया गया है।
इसी क्रम में शाॅर्ट लिस्ट किये गये नामों में से जूरी पेनल द्वारा चयनित अवार्डियों के नाम की घोषणा अवार्ड्स समारोह के दौरान मंच पर की गई।
अवार्ड समारोह के दौरान विजेता कम्पनियों को निम्नानुसार यूसीसीआई एक्सीलेन्स अवार्ड प्रदान किये गये:
वेदान्ता हिन्दुस्तान जिंक सी.एस.आर. अवार्ड —
आदित्य सीमेन्ट वक्र्स
पायरोटेक टेम्पसन्स मैन्यूफैक्चरिंग अवार्ड – लार्ज एन्टरप्राईज —
टेम्पसन्स इंस्ट्रूमेन्ट्स (इण्डिया) लिमिटेड
आर्कगेट मैन्यूफैक्चरिंग अवार्ड – मीडियम एन्टरप्राईज —
सन पाॅलिटेक्स प्राईवेट लिमिटेड
सिंघल फाउण्डेशन मैन्यूफैक्चरिंग अवार्ड – स्माॅल एन्टरप्राईज —
वाबी साबी सरफेस प्राईवेट लिमिटेड
वण्डर सीमेन्ट मैन्यूफैक्चरिंग अवार्ड – माईक्रो एन्टरप्राईज —
हाउस आॅफ फैर्गेरेन्स
जी.आर. अग्रवाल सर्विसेज अवार्ड – मीडियम एन्टरप्राईज —
सेमेन्टिक्स इन्फ्रा प्रोजेक्ट्स प्राईवेट लिमिटेड
डाॅ. अजय मुर्डिया इन्दिरा आईवीएफ सर्विसेज अवार्ड – स्माॅल एन्टरप्राईज —
सेलस मेडिकेयर प्राईवेट लिमिटेड
यूसीसीआई अध्यक्ष की ओर से अवार्ड प्रविष्ठियों में रनर-अप रही प्रतिभागी कम्पनियों यथा मेवाड पाॅलिटेक्स लिमिटेड, हारमनी प्लास्टिक्स प्राईवेट लिमिटेड, सन पाॅलिटेक्स प्राईवेट लिमिटेड, प्लास्टीवीव इण्डस्ट्रीज एलएलपी, पायरोटेक वर्कस्पेस साॅल्यूशंस प्राईवेट लिमिटेड, पीआईएल इटैलिका लाइफस्टाइल लिमिटेड, प्रेम मार्बल्स प्राईवेट लिमिटेड, सरल स्टोन क्रियेशन्स प्राईवेट लिमिटेड, लिबर्टी मेन्युफैक्चरर्स एण्ड मार्केटर्स प्राईवेट लिमिटेड, आयुष ग्रीनफील्ड प्राईवेट लिमिटेड, तिरयांच बायोटेक एण्ड रिसर्च प्राईवेट लिमिटेड, अदवित लिफ्ट्स एण्ड आॅटोमेशन प्राईवेट लिमिटेड, मोनिसा एन्टरप्राईज प्राईवेट लिमिटेड, वर्बोलैब्स लैंग्वैजस ओपीसी प्राईवेट लिमिटेड, स्पेक्ट्रम टेक एन फैब, अरावली इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्नीकल स्टडीज, सिंघवी आॅटोमेशन एण्ड इंजीनियर्स प्राईवेट लिमिटेड, बडाला क्लासेज प्राईवेट लिमिटेड को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर यूसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष एवं पायरोटेक-टेम्पसेंस ग्रुप के निदेशक श्री वीरेन्द्र प्रकाश राठी को उनके दीर्घकालीन योगदान के लिए लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया। श्री राठी ने इस सम्मान के लिए आभार व्यक्त करते हुए अपने विचार साझा किए। उन्होंने अपने व्यावसायिक अनुभवों के माध्यम से प्रतिभागियों को प्रेरित किया तथा सकारात्मक सोच, नवाचार और नेतृत्व क्षमता के महत्व पर बल दिया।
इस अवसर मुख्य अतिथि द्वारा यूसीसीआई गतिविधियों की गत आठ माह की रिपोर्ट का विमोचन किया गया। यूसीसीआई के पैट्रन श्री बी.एच. बापना ने भी अपने प्रेरणादायी विचार रखे।
समारोह में करीब 200 उद्योग एवं व्यवसाय से जुड़े उद्यमियों, व्यवसायियों, प्रबंधकों एवं अधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन डाॅ. साक्षी जैन ने किया। कार्यक्रम के अंत में मानद महासचिव श्री आशीष छाबड़ा ने सभी को धन्यवाद ज्ञापित किया।






