उदयपुर। पारस हेल्थ अस्पताल में बुजुर्ग मरीज जो एओर्टिक वाल्व की गंभीर बीमारी और शॉक की स्थिति से जूझ रहे थे। अस्पताल के कार्डियोलॉजी विभाग के डायरेक्टर डॉ. अमित खंडेलवाल के नेतृत्व में ‘टावी’ (TAVI) तकनीक के जरिए यह जटिल ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया गया। जब मरीज को अस्पताल लाया गया, तो उन्हें सीने में तेज दर्द, सांस लेने में भारी तकलीफ और ब्लड प्रेशर बहुत कम होने की शिकायत थी। स्थिति को गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत आईसीयू में भर्ती किया और वेंटिलेटर सपोर्ट व जरूरी दवाओं के जरिए उनकी हालत स्थिर की।
जांच में पता चला कि मरीज के दिल का वाल्व बहुत संकरा और सख्त हो गया था, जिससे खून का बहाव बुरी तरह रुक रहा था। मरीज की हालत थोड़ी सुधरने पर डॉक्टरों की टीम ने विस्तृत चर्चा के बाद बिना बड़ा चीरा लगाए (मिनिमली इनवेसिव) TAVI प्रक्रिया पूरी की। यह तकनीक खास तौर पर उन बुजुर्ग मरीजों के लिए वरदान मानी जाती है, जिनके लिए बड़ी सर्जरी करना जानलेवा हो सकता है। डॉ. अमित खंडेलवाल ने बताया कि सही समय पर बीमारी की पहचान, क्रिटिकल केयर और आधुनिक मशीनों के सही तालमेल से ही मरीज की जान बचाना संभव हो पाया।
फैसिलिटी डायरेक्टर डॉ. प्रसून कुमार ने कहा कि इस सफल इलाज के बाद मरीज स्वस्थ है।






